चाकाबुड़ा। मौसमी बीमारियों के बढ़ते दौर में ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। चाकाबुड़ा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को लेकर ग्रामीणों ने डॉक्टरों की समय पर उपलब्धता और अधूरे निर्माण कार्य को लेकर नाराजगी जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि इलाज की उम्मीद लेकर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने वाले मरीजों को कई बार डॉक्टर के इंतजार में घंटों परेशान होना पड़ता है।
क्षेत्र के ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवार प्राथमिक उपचार के लिए इसी स्वास्थ्य केंद्र पर निर्भर हैं। ऐसे में चिकित्सकों की समय पर उपलब्धता नहीं होने से सबसे ज्यादा परेशानी बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों के मुताबिक, कई मरीज इंतजार के बाद बिना उपचार के लौटने को मजबूर हो जाते हैं।
सुबह 10:40 बजे पहुंचे, नहीं मिले डॉक्टर
चाकाबुड़ा निवासी दिलीप कुमार ने अपनी परेशानी साझा करते हुए बताया कि वे अपनी पत्नी को उपचार के लिए सुबह करीब 10:40 बजे स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे थे। उनका कहना है कि उस समय केंद्र में डॉक्टर मौजूद नहीं थे। काफी इंतजार के बाद भी चिकित्सक नहीं मिलने पर उन्हें पत्नी को बिना उपचार कराए ही वापस घर लौटना पड़ा।
दिलीप कुमार ने कहा कि मौसमी बीमारियों के बीच जब लोगों को तत्काल उपचार की जरूरत होती है, ऐसे समय में स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सक की अनुपस्थिति मरीजों के लिए परेशानी का कारण बन रही है।
मौसमी बीमारी के बीच बढ़ी चिंता
स्थानीय निवासी जितेंद्र जोशी का कहना है कि वर्तमान में मौसमी बीमारियों का दौर चल रहा है। गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर निर्भर रहते हैं। ऐसे में यदि डॉक्टर समय पर उपलब्ध नहीं होते तो मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को इस स्थिति में विशेष परेशानी उठानी पड़ती है।
अधूरा पड़ा स्वास्थ्य केंद्र का काम
ग्रामीणों की नाराजगी केवल चिकित्सकों की उपलब्धता तक सीमित नहीं है। चाकाबुड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण एवं विकास से जुड़े कार्य भी लंबे समय से अधूरे बताए जा रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि अधूरे कार्य के कारण स्वास्थ्य केंद्र में अपेक्षित सुविधाएं पूरी तरह उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं।
ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन से मांग की है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों एवं स्वास्थ्य कर्मचारियों की नियमित और समयबद्ध उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। साथ ही अधूरे निर्माण कार्य को जल्द पूरा कर स्वास्थ्य केंद्र को बेहतर सुविधाओं से लैस किया जाए, ताकि स्थानीय लोगों को उपचार के लिए दूसरे स्थानों की ओर भटकना न पड़े।
ग्रामीणों की मांग है कि स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्था को लेकर जिम्मेदार विभाग मौके की स्थिति का जायजा लेकर आवश्यक कार्रवाई करे, ताकि सरकारी स्वास्थ्य सुविधा का लाभ क्षेत्र के लोगों को समय पर मिल सके।



Post a Comment